ईश्वर दुबे की रिपोर्ट
आई विटनेस न्यूज 24, शनिवार 21 सितम्बर, आजकल ग्रामीण आबादी आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र चटिया, मोहतरा, गनवाही, जाटा, उमरधा, अझवार, सुरखी, बूड़न ग्रामों के ग्रामीण अघोषित पावर कट से काफी परेशान हैं। रात के 8-9बजे से लगभग एक सप्ताह से जो लाईट बंद होती है, फिर पुरे रात लाइट बंद रहती है। और दिन में भी कब लाइट आ जाए कब चली जाए कुछ कहा नहीं जा सकता है वर्तमान समय में नवमी से बारहवीं तक के विद्यार्थियों की त्रैमासिक परीक्षा भी चल रही है। लाईट की मनमानी आवाजाही से विद्यार्थी पढाई भी नहीं कर पा रहे हैं।और उनकाअध्ययन कार्य भी प्रभावित हो रहा है। जंगली क्षेत्र होने से बरसात के समय कीड़े मकोड़े का भी डर बना रहता है। ठीक से मोबाइल भी चार्ज नहीं हो पा रहे हैं। विद्युत से संबंधित सारे उपकरण बंद पड़े रहते हैं। कुल मिलाकर बहुत ज्यादा परेशानी हो रही है। वैसे तो सरकार 24*7बिजली उपलब्ध कराने का दावा करती है। पर विभाग की लापरवाही और उदासीन रवैये से धरातल पर इसका नतीजा कुछ भी नजर नहीं आता है। आने वाले समय में नवरात्रि पर्व भी है। अगर ऐसे ही चलता रहा तो पंडालों और मंदिरों में होने वाली असुविधा और परेशानियों से इंकार नहीं किया जा सकता है।

