आई विटनेस न्यूज 24, शनिवार 3 जनवरी, जबलपुर-अमरकंटक, डिंडोरी और मंडला सहित जिले के सभी मार्गों पर यात्री बसों में चल रही ओवरलोडिंग का खामियाजा यात्रियों को भुगतना पड़ रहा है। शनिवार को ऐसे ही एक हादसे में मझौली से जबलपुर स्वास्थ्य शिविर के लिए जा रही मरीजों से भरी एक बस राछु घाट के पास अनियंत्रित होकर पलट गई। इस दर्दनाक दुर्घटना में 32 लोग घायल हो गए, जिनमें से तीन की हालत गंभीर बताई जा रही है।जानकारी के अनुसार, भोजक ट्रैवल्स की बस (वाहन क्रमांक एमपी 20 जेके 9559) मझौली गांव से मरीजों को लेकर जबलपुर स्थित सुखसागर अस्पताल जा रही थी। रास्ते में राछु घाट के तीखे मोड़ और ढलान पर चालक ने बस से नियंत्रण खो दिया, जिसके चलते बस सड़क किनारे पलट गई। अचानक हुए इस हादसे से बस में सवार यात्रियों में चीख-पुकार मच गई और मौके पर अफरातफरी का माहौल बन गया।
स्थानीय ग्रामीणों ने तुरंत राहत और बचाव कार्य में जुटकर बस में फंसे यात्रियों को बाहर निकाला और एंबुलेंस सेवा को सूचना दी। कुछ ही देर में मौके पर पहुंची 108 एंबुलेंस ने सभी घायलों को शहपुरा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। प्राथमिक उपचार के बाद तीन गंभीर रूप से घायलों को जबलपुर रेफर किया गया है।शहपुरा थाना प्रभारी अनुराग जामदार ने बताया कि बस में सवार सभी लोग निःशुल्क उपचार शिविर के लिए जा रहे थे। पुलिस ने घटना स्थल पहुंचकर जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में बस की तेज रफ्तार और सड़क की ढलान को दुर्घटना का संभावित कारण माना जा रहा है।स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि जबलपुर-अमरकंटक मार्ग और डिंडोरी-मंडला के बीच चलने वाले यात्री वाहनों में ओवरलोडिंग पर सख्ती से रोक लगाई जाए तथा खतरनाक मोड़ों पर सुरक्षा इंतजामों को मजबूत किया जाए। उनका कहना है कि यदि प्रशासन ने समय रहते ध्यान नहीं दिया, तो ऐसे हादसे आगे भी हो सकते हैं।


