पीएमश्री शासकीय माध्यमिक शाला बांकी में भावभीनी विदाई, कस्तूरी पिपरिया-करौंदी में शिक्षक और BRC शहपुरा के रूप में भी दी सेवाएं
राजेन्द्र तंतवाय की रिपोर्ट
आई विटनेस न्यूज 24, सोमवार 31 अगस्त, जनजातीय कार्य विभाग के शिक्षा क्षेत्र में 43 वर्षों की दीर्घ, समर्पित एवं उल्लेखनीय शासकीय सेवा पूर्ण करने के उपरांत पीएमश्री शासकीय माध्यमिक शाला बांकी के प्रधानाध्यापक गोविन्द प्रसाद साहू 31 अगस्त 2026 को सेवानिवृत्त हुए। उनकी सेवानिवृत्ति के अवसर पर विद्यालय परिवार एवं संकुल के शिक्षकों द्वारा गरिमामयी विदाई सह सम्मान समारोह आयोजित कर उन्हें भावभीनी विदाई दी गई।
गोविन्द प्रसाद साहू ने अपने लंबे सेवाकाल में शिक्षा के क्षेत्र में विभिन्न महत्वपूर्ण दायित्वों का निर्वहन किया। उन्होंने कस्तूरी पिपरिया एवं शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय करौंदी में शिक्षक के रूप में सेवाएं दीं। इसके बाद विकासखंड स्रोत समन्वयक (BRC) शहपुरा के पद पर रहते हुए उन्होंने शैक्षणिक व्यवस्था को बेहतर बनाने, शिक्षकों के मार्गदर्शन तथा शैक्षणिक नवाचारों को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। सेवाकाल के अंतिम चरण में वे पीएमश्री शासकीय माध्यमिक शाला बांकी में प्रधानाध्यापक के पद पर पदस्थ रहे।
शॉल, श्रीफल एवं स्मृति चिह्न भेंट कर किया सम्मान
विद्यालय परिसर में आयोजित विदाई समारोह में शिक्षकों, छात्र-छात्राओं एवं स्थानीय नागरिकों ने श्री साहू का शॉल, श्रीफल, पुष्पमाला एवं स्मृति चिह्न भेंट कर आत्मीय सम्मान किया। वक्ताओं ने उनके सेवाकाल को याद करते हुए कहा कि वे एक समर्पित शिक्षक, कुशल प्रशासक और अनुशासनप्रिय मार्गदर्शक के रूप में सदैव याद किए जाएंगे। उनके मार्गदर्शन में अनेक विद्यार्थियों ने शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़कर अपने भविष्य को संवारा।
समारोह में उपस्थित लोगों ने कहा कि शिक्षक का वास्तविक योगदान केवल कक्षा तक सीमित नहीं होता, बल्कि वह विद्यार्थियों के व्यक्तित्व और भविष्य के निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। श्री साहू ने अपने सेवाकाल में इसी भावना के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन किया।
“43 वर्षों का सफर मेरे जीवन की सबसे बड़ी पूंजी”
विदाई के भावुक क्षणों में अपने संबोधन में गोविन्द प्रसाद साहू ने कहा, “शिक्षक के रूप में 43 वर्षों का सफर मेरे जीवन की सबसे बड़ी पूंजी है। सहकर्मियों का सहयोग और विद्यार्थियों का स्नेह हमेशा मेरी स्मृतियों में रहेगा।”
उन्होंने विद्यालय परिवार, सहकर्मियों, विद्यार्थियों एवं क्षेत्रवासियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि शासकीय सेवा के दौरान मिले सहयोग और स्नेह को वे जीवनभर याद रखेंगे।
विद्यालय में विदाई समारोह के पश्चात उनके सेवानिवृत्ति के उपलक्ष्य में उनके पैतृक निवास ग्राम करौंदी, तहसील शहपुरा में पारिवारिक एवं सामाजिक सम्मान समारोह आयोजित किया गया। यहां भी परिजनों, रिश्तेदारों, ग्रामीणों एवं शुभचिंतकों ने उनका सम्मान कर उनके स्वस्थ, दीर्घायु एवं सुखमय जीवन की मंगलकामना की।
कार्यक्रम में संकुल प्राचार्य शिवचरण आर्मो, समाजसेवी मोहितलाल साहू, अजय कुमार साहू, लक्ष्मण प्रसाद साहू, तीरथ प्रसाद साहू, मूलचंद साहू, जनशिक्षक दिनेश साहू, छोटेलाल साहू, कंछेदी साहू, दशरथ साहू, मायाराम साहू, शिक्षक मोहब्बत लाल झारिया, विजय कुमार साहू, पत्रकार भीमशंकर साहू, शारदा नामदेव सहित परिवारजन, विद्यालय परिवार एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
43 वर्षों तक शिक्षा की अलख जगाने वाले गोविन्द प्रसाद साहू की सेवानिवृत्ति केवल एक शासकीय दायित्व का अंत नहीं, बल्कि उनके समर्पित सेवाकाल की एक यादगार पूर्णाहुति रही।

