आई विटनेस न्यूज 24, रविवार 9 अगस्त,जिले में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के बीच नर्मदा नदी ने रविवार सुबह रौद्र रूप धारण कर लिया। लगातार बढ़ते जलस्तर के चलते जिला मुख्यालय स्थित बस स्टैंड के समीप नर्मदा पुल पूरी तरह जलमग्न हो गया। पुल पर पानी आने के बाद देवरा ग्राम पंचायत, साकेतनगर और हंसनगर सहित नर्मदा पार के क्षेत्रों का जिला मुख्यालय से संपर्क बाधित हो गया है।
सुबह से ही नर्मदा के जलस्तर में तेजी से बढ़ोतरी दर्ज की जा रही थी। हालात को देखते हुए प्रशासन पहले से ही अलर्ट मोड पर था। नगर पंचायत की ओर से लगातार एनाउंसमेंट कर लोगों को नदी और जलमग्न क्षेत्रों से दूर रहने तथा अनावश्यक आवाजाही नहीं करने की अपील की गई। नर्मदा तट और संवेदनशील क्षेत्रों में प्रशासनिक अमला भी पूरी मुस्तैदी के साथ तैनात है।
बाढ़ का असर केवल जिला मुख्यालय तक सीमित नहीं रहा। डिंडौरी-जबलपुर हाईवे पर जोगीटिकरिया का पुल भी पानी में डूब गया, जिसके चलते हाईवे पर आवागमन प्रभावित हो गया है। नदी का पानी पुल के ऊपर से बहने के कारण प्रशासन द्वारा सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए लोगों को इस मार्ग पर जाने से रोकने की कवायद की जा रही है।
स्थानीय जानकारों के मुताबिक नर्मदा में 1982 के बाद इस स्तर की बाढ़ देखने को मिल रही है। लगातार बारिश और नदी के बढ़ते जलस्तर ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। नदी किनारे बसे क्षेत्रों में प्रशासन की निगरानी बढ़ा दी गई है और लोगों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की जा रही है।
सुबह से ही नर्मदा का पानी पुल और आसपास के क्षेत्रों में तेजी से फैलता नजर आ रहा है। नदी का प्रवाह इतना तेज है कि सामान्य आवागमन पूरी तरह ठप हो गया है।
बाढ़ की स्थिति को देखते हुए प्रशासनिक अधिकारी लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। नर्मदा तट और जलभराव वाले क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई है। प्रशासन की प्राथमिकता लोगों को सुरक्षित रखना और किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटना है।
फिलहाल लगातार बारिश के बीच नर्मदा के जलस्तर पर सबकी निगाहें टिकी हुई हैं। यदि बारिश का सिलसिला पूरी क्षेत्र में जारी रहा और जलस्तर में और वृद्धि हुई तो आसपास के अन्य क्षेत्रों में भी जलभराव की स्थिति गंभीर हो सकती है।



