जिला प्रतिनिधि की रिपोर्ट
जिले में इन दिनों भारत सरकार की विकास भारत संकल्प यात्रा जोरो पर है। तो वही नगर के वार्डो की बदहाल हालत देख विकास यात्रा पर प्रश्नचिन्ह लग रहे है। सड़को की दुर्दशा ऐसी है मानो किसी और सदी में जी रहे हो। आलम यह है की कई बार समाचार के प्रकाशन के बाद भी न तो जिले के हालात सुधरे है न ही नगर के।
इन दिनों डिंडोरी नगरपरिषद क्षेत्र के कई वार्ड की स्थित यह है कि न तो सड़को का सुधार हो रहा है न ही नालियों की सफाई व्यवस्थित ढंग से की जा रही है। सड़को और नालों में बज बजाता कचरे का ढेर नगर की शोभा भी बिगड़ रहा है जिसपर जिले के कई अधिकारी भी मुकदर्शक बने हुए है,आलम यह है की नगरीय लोगो को अव्यस्थाओ का सामना करना पड़ रहा है।तो वही मैया अभियान को भी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है अधिकारियों की खाना पूर्ति फोटो सेशन से जिले के कलेक्टर द्वारा चलाई जा रही मैया अभियान की तस्वीर बताती है कि किस तरह सिर्फ खाना पूर्ति कर सफाई का स्वांग रचा इतिहास बनाया जा रहा है साथ ही फोटो सेशन कर सोशल मीडिया में डाल कलेक्टर की गुडबुक में स्थान पक्का किया जा रहा है, जो मैया अभियान को न गवारा है। अब नगर की स्थिति यह है की नगर की गंदगी नर्मदा के अंचल में जा रही है। जिसे लेकर कितना सजग है जिले का जिम्मेदार नगर परिषद और वहा के अधिकारी कर्मचारी यह किसी से नही छुपा है।
