आई विटनेस न्यूज 24, शनिवार 2 मई,भीषण गर्मी ने लोगों का हाल बेहाल कर रखा है, लेकिन डिंडोरी नगर परिषद शायद अब भी कागज़ी विकास और फ्लेक्सी उद्घाटनों की ठंडी छांव में बैठी है। नगर में सार्वजनिक प्याऊ जैसी बुनियादी सुविधा तक शुरू नहीं हो सकी, जबकि तापमान लगातार चढ़ रहा है और राहगीर पानी के लिए इधर-उधर भटकने को मजबूर हैं।
नगर परिषद ने प्रचार-प्रसार में कोई कमी नहीं छोड़ी। जगह-जगह फ्लेक्स, फोटो और विकास के दावे जरूर नजर आते हैं, मगर धरातल पर न मटका दिखा, न पानी की टंकी और न ही जनता की प्यास बुझाने की कोई व्यवस्था। ऐसा लग रहा है मानो नगर परिषद का पूरा ध्यान जनता की सुविधा से ज्यादा कैमरे की सुविधा पर केंद्रित हो।
स्थिति और भी दिलचस्प तब हो जाती है जब नगर परिषद के अंदरूनी हालात सामने आते हैं। बताया जा रहा है कि कर्मचारियों की सैलरी तक समय पर नहीं मिल रही, विभागीय तालमेल गायब है और प्रबंधन व्यवस्था भगवान भरोसे चल रही है। ऐसे में जनता पूछ रही है कि जब परिषद अपने कर्मचारियों को नहीं संभाल पा रही, तो नगर की जिम्मेदारी कैसे संभालेगी?
सबसे बड़ा सवाल यह है कि भीषण गर्मी के आधे दिन गुजर गए, लेकिन प्याऊ चालू नहीं हो सके। क्या परिषद को किसी बड़े जनआक्रोश का इंतजार है? क्या राहगीरों की प्यास सिर्फ भाषणों और पोस्टरों से बुझाई जाएगी?



