गणेश पाण्डे की रिपोर्ट
आई विटनेस न्यूज 24, गुरुवार 14 मार्च,डिंडोरी आदिवासी बाहुल्य जिले में जनपद के जिम्मेदार नुमाइंदे एवं सरपंच सचिव सहित रोजगार सहायक के द्वारा शासन के तमाम नियमों की धज्जियां उड़ाना रिवाज सा बन गया है सूत्रों की माने तो इन पर कार्यवाही भी कैसे हो सत्तारूढ़ पार्टी के नेताओं का हाथ जो इन पर है ऐसा ही मामला है जनपद पंचायत डिंडोरी अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत रकरिया का जहां नियमों को ताक पर रख एप्रोज सड़क निर्माण में कार्यरत मजदूरों से डेम निर्माण कार्य में मजदूरी कराई जा रही है इस बात को कार्य करा रहे मेट सहित मजदूरों ने भी कबूला है कि इनके नाम के मास्टर रोल एप्रोज सड़क निर्माण कार्य में नाम जनरेट है लेकिन इनसे डेम निर्माण कार्य में कार्य कराया जा रहा है गौरतलब है कि रकारिया रैयत से लोहार टोला तक के लिए मनरेगा योजना अंतर्गत लगभग 14 _15 लाख की लागत से एप्रोज सड़क निर्माण का कार्य लगभग 3 _4 माह से कराया जा रहा है जिसकी गुणवत्ता पर भी सवाल खड़े हो रहे क्योंकि सड़क का निर्माण तय मापदंडों के अनुरूप नहीं किया जा रहा है वहीं रकरिया माल टिटही नाला में मनरेगा योजना से ही 21 लाख की लागत से डैम का निर्माण कार्य किया जा रहा है जिसकी गुणवत्ता पर भी प्रश्न चिन्ह लग रहे है यहां अहम सवाल यह है कि सड़क निर्माण में कार्यरत मजदूरों को पक्के निर्माण कार्य डैम जिम्मेदारों के द्वारा किस नियम के अंतर्गत मजदूरी का कार्य कराया जा रहा है और फिर डैम निर्माण कार्य में किन मजदूरों के नाम जनरेट कर मस्टररोल निकाले गए हैं यह समझ से परे है सूत्रों की माने तो ग्राम पंचायत रकरिया में उपयंत्री भाजीपाले नेताओं के वरदहस्त से पदस्थ हैं और इन्हीं की देखरेख में उक्त दोनों निर्माण कार्य कराए जा रहे है विवादों से गहरा रिश्ता रखने वाले उपयंत्री की कार्यप्रणाली भी संदेह के घेरों में है ये साहब अक्सर मीडिया की सुर्खियों में रहते है यहां अव्वल सवाल यह है कि गुणवत्ता को दरकिनार एवं नियमों तिलांजलि देते हुए किए जा रहे निर्माण कार्यों पर अंकुश लगाने जनपद के जिम्मेदार नुमाइंदे संजीदा होगें भी या हालाते सूरत वही ढांक के तीन पात वाले बने रहेगें।
इनका कहना है
हमारा नाम सड़क निर्माण कार्य में है लेकिन हमसे डैम में मेट के द्वारा चार दिनों से हमसे यहां पर कार्य कराया जा रहा है
सुमन बाई मजदूर
डैम में हम जितने मजदूर लगे हैं हमारे सभी के नाम सड़क निर्माण कार्य के मस्टररोल में है लेकिन हमसे यहां डैम में चार दिनों से कार्य कराया जा रहा है
स्थानीय ग्रामीण मजदूर



