आई विटनेस न्यूज 24, मंगलवार 31 मार्च,जिले में शासकीय भूमि पर अतिक्रमण, फर्जी पट्टों का वितरण और सरकारी योजनाओं के दुरुपयोग का गंभीर मामला सामने आया है। स्थानीय स्तर पर आरोप लगाए जा रहे हैं कि विभाग के जिम्मेदार अधिकारियों की मिलीभगत से बहुमूल्य शासकीय भूमि कौड़ियों के दाम पर पट्टों के रूप में बांटी जा रही है।बताया जा रहा है कि पट्टा प्राप्त करने के बाद संबंधित लोगों को शासन की आवास योजनाओं का लाभ भी दिलाया जा रहा है। हैरानी की बात यह है कि जिन लोगों के पास पहले से पर्याप्त कृषि भूमि और संपत्ति है, उन्हें भी गरीबी रेखा के नीचे (बीपीएल) का कार्ड उपलब्ध करा दिया गया है।
सूत्रों के अनुसार, जिन लोगों को वास्तव में खाद्यान्न की आवश्यकता नहीं है, उन्हें भी पीडीएस के तहत राशन दिया जा रहा है। बाद में यही राशन बाजार में बेचे जाने की शिकायतें सामने आ रही हैं, जिससे शासन की योजना का उद्देश्य प्रभावित हो रहा है।
जिले के कई प्रमुख शासकीय कार्यालयों के परिसरों में ही अतिक्रमण का मामला सामने आया है।सुलभ कॉम्पेल्स के बाजू में और
जिला शिक्षा अधिकारी (DEO), बीआरसी कार्यालय के बीच मे कार्यालय की बाउंड्री के अंदर ही धूम्रपान, फल दुकान का संचालन किया जा रहा है।
इतना ही नहीं, कलेक्ट्रेट कार्यालय के सामने भी शासकीय भूमि पर अतिक्रमण कर किराना दुकान संचालित होने की बात सामने आई है। इतना ही नही इनका शासकीय योजना के तहत नगर पंचायत क्षेत्र में शासकीय भूमि पर पक्के मकान तक खड़े कर दिए गए हैं।
इन आरोपों के बाद प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठने लगे हैं। यदि समय रहते ठोस कार्रवाई नहीं की गई, तो शासकीय संसाधनों के दुरुपयोग का यह मामला और गंभीर रूप ले सकता है।

