राजेन्द्र तंतवाय की रिपोर्ट
आई राजेन्द्र तंतवाय की रिपोर्ट न्यूज 24, रविवार 5 अप्रैल, जनपद पंचायत डिंडोरी अंतर्गत ग्राम पंचायत घुसिया के पोषक ग्राम हर्रा टोला में जल जीवन मिशन भ्रष्टाचार और लापरवाही की भेंट चढ़ता नजर आ रहा है। करीब 4-5 साल पहले ठेकेदार द्वारा पाइपलाइन बिछाकर घर-घर नल के स्टैंड खड़े कर दिए गए, लेकिन आज तक एक बूंद पानी भी ग्रामीणों को नसीब नहीं हुआ।
हैरानी की बात यह है कि जिन नलों से पानी बहना था, वे आज भी सूखे खड़े हैं और दूसरी ओर ग्रामीण रोजाना करीब 1 किलोमीटर दूर पहाड़ीनुमा घाट चढ़कर नदी से पानी ढोने को मजबूर हैं। महिलाएं और बच्चे जान जोखिम में डालकर पानी लाने जाते हैं, लेकिन जिम्मेदारों की आंखों पर अब भी पर्दा पड़ा हुआ है।
ग्रामीणों का सीधा आरोप है कि ठेकेदार और अधिकारियों की मिलीभगत से अधूरा काम पूरा दिखाकर लाखों रुपये डकार लिए गए। योजना के नाम पर सिर्फ दिखावा किया गया, जबकि असल मकसद—घर-घर पानी पहुंचाना—पूरी तरह फेल साबित हुआ है।
सरकार जहां हर घर नल-जल का ढिंढोरा पीट रही है, वहीं हर्रा टोला में “नल है, पर जल नहीं” की सच्चाई पूरे सिस्टम पर सवाल खड़े कर रही है।
सूखे नल अब भ्रष्टाचार की मूक गवाही दे रहे हैं और प्रशासन की चुप्पी इस पूरे खेल पर और भी संदेह गहरा रही है।ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द जल आपूर्ति शुरू नहीं हुई तो वे आंदोलन का रास्ता अपनाने को मजबूर होंगे।
अब बड़ा सवाल — क्या जिम्मेदारों पर कार्रवाई होगी या हर्रा टोला की प्यास यूं ही सिस्टम की नाकामी में दम तोड़ती रहेगी?

